Employment Programme for Women भारत में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और उन्हें स्वरोजगार या नौकरी के योग्य बनाना सरकार की प्राथमिकता रही है। इस दिशा में एक महत्वपूर्ण योजना है –
✅ STEP योजना (Support to Training and Employment Programme for Women)
यह योजना महिलाओं को कौशल विकास (Skill Development) के माध्यम से रोजगार या स्वरोजगार के लिए तैयार करती है।
🎯 उद्देश्य (Objective)
STEP योजना का मुख्य उद्देश्य है:
“16 वर्ष और उससे अधिक आयु की महिलाओं को विभिन्न क्षेत्रों में व्यावसायिक प्रशिक्षण देना और उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना।”
🧵 किन क्षेत्रों में प्रशिक्षण मिलता है?
यह योजना खासतौर पर ऐसे पारंपरिक और आधुनिक क्षेत्रों में महिलाओं को प्रशिक्षण देती है, जहाँ वे आसानी से काम शुरू कर सकती हैं।
📚 प्रशिक्षण के क्षेत्र:
| क्षेत्र | विवरण |
|---|---|
| 🧶 हथकरघा (Handloom) | बुनाई, डिजाइनिंग |
| 👗 वस्त्र (Textiles) | कपड़े सिलना, एम्ब्रॉयडरी |
| 🥣 खाद्य प्रसंस्करण | अचार, पापड़, बेकिंग आदि |
| 🐐 डेयरी और पशुपालन | दूध उत्पादन, पालन-पोषण |
| 🐔 पोल्ट्री | मुर्गी पालन |
| 🐝 मधुमक्खी पालन | शहद उत्पादन |
| 🧼 हस्तशिल्प | क्राफ्ट, मिट्टी/लकड़ी के उत्पाद |
| 💇♀️ सौंदर्य और कल्याण | ब्यूटी पार्लर ट्रेनिंग |
| 💻 कंप्यूटर / आईटी | बेसिक कंप्यूटर, डाटा एंट्री |
👩💼 कौन महिलाएं ले सकती हैं लाभ?
✅ पात्रता (Eligibility):
- आयु: 16 वर्ष या उससे अधिक
- भारत की नागरिक महिलाएं
- प्राथमिकता: आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग, ग्रामीण महिलाएं, विधवा, तलाकशुदा, अनुसूचित जाति/जनजाति/अल्पसंख्यक महिलाएं।
- कोई शैक्षणिक योग्यता जरूरी नहीं (कुछ कोर्सेस में हो सकती है)।
🏫 प्रशिक्षण कैसे होता है?
- सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त NGOs, संस्थाएं या ट्रेनिंग सेंटर्स के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जाता है।
- प्रशिक्षण की अवधि: 3 महीने से 1 साल तक, कोर्स के अनुसार।
- कोर्स के दौरान शिक्षण सामग्री, यूनिफॉर्म, और कुछ मामलों में स्टाइपेंड (प्रोत्साहन राशि) भी मिल सकती है।
💼 प्रशिक्षण के बाद क्या?
- रोजगार के अवसर: कोर्स के बाद महिलाएं कंपनियों में नौकरी के लिए आवेदन कर सकती हैं।
- स्वरोजगार: कई महिलाएं स्वयं का छोटा व्यवसाय शुरू कर सकती हैं (जैसे सिलाई सेंटर, ब्यूटी पार्लर, डेयरी यूनिट आदि)।
- बैंक लोन और सरकारी मदद: कई योजनाओं से जुड़कर महिलाएं लोन भी प्राप्त कर सकती हैं।
📍 योजना का क्रियान्वयन कौन करता है?
- महिला एवं बाल विकास मंत्रालय (Ministry of Women and Child Development) के तहत यह योजना चलाई जाती है।
- प्रशिक्षण संस्थानों का चयन कड़े मानकों के आधार पर किया जाता है।
📝 आवेदन प्रक्रिया
1️⃣ ऑफलाइन आवेदन:
- नजदीकी महिला प्रशिक्षण केंद्र, NGO, या ब्लॉक कार्यालय में संपर्क करें।
- फॉर्म भरें और जरूरी दस्तावेज़ जमा करें।
2️⃣ ऑनलाइन आवेदन:
- महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की वेबसाइट पर STEP योजना की जानकारी और आवेदन लिंक उपलब्ध हो सकता है।
- कुछ राज्य सरकारों की अपनी वेबसाइट्स भी आवेदन स्वीकार करती हैं।
📄 आवश्यक दस्तावेज़:
- आधार कार्ड
- पासपोर्ट साइज फोटो
- निवास प्रमाण पत्र
- गरीबी रेखा प्रमाण पत्र (जहां लागू)
- बैंक खाता विवरण
- शैक्षिक प्रमाणपत्र (जहां जरूरी)
📊 2025 में योजना की वर्तमान स्थिति
| पहल | विवरण |
|---|---|
| 🔄 डिजिटल मॉनिटरिंग | प्रशिक्षण की निगरानी अब ऑनलाइन माध्यम से |
| 🧾 कोर्स सर्टिफिकेशन | हर महिला को मान्यता प्राप्त प्रमाणपत्र दिया जाता है |
| 🤝 उद्योग से साझेदारी | कई सेक्टरों में कंपनियों से साझेदारी कर रोजगार सुनिश्चित किया जा रहा है |
| 📈 लक्ष्य | हर साल 50,000+ महिलाओं को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य |
📢 निष्कर्ष
STEP योजना उन महिलाओं के लिए वरदान है जो कुछ सीखकर आगे बढ़ना चाहती हैं लेकिन संसाधनों की कमी से पीछे रह जाती हैं। यह योजना उन्हें केवल प्रशिक्षण ही नहीं, बल्कि आर्थिक आज़ादी और आत्मविश्वास भी देती है।
📞 अधिक जानकारी के लिए:
- वेबसाइट: https://wcd.nic.in
- राज्य स्तरीय महिला विकास कार्यालय
- महिला हेल्पलाइन: 181



